प्यारे नबी की आँख के तारे हुसैन हैं / Pyare Nabi Ki Aankh Ke Tare Hussain Hain
प्यारे नबी की आँख के तारे हुसैन हैं मौला 'अली के राज-दुलारे हुसैन हैं दिल को क़रार मिलता है नाम-ए-हुसैन से वल्लाह हम को जान से प्यारे हुसैन हैं रौशन कि जिन से 'इश्क़-ओ-वफ़ा की तमाम राह चश्म-ए-तलब में ऐसे मिनारे हुसैन हैं वो 'अज़्म हौसला है कि जिस की नहीं मिसाल सब्र-ओ-रिज़ा के बाब में न्यारे हुसैन हैं ज़ालिम यज़ीद मिट गया, ज़िंदा रहे हुसैन ये सोचना ग़लत है कि हारे हुसैन हैं कोई कमी हुसैन में मुमकिन हो किस तरह जब दस्त-ए-मुस्तफ़ा के सवारे हुसैन है वो कौन है जो जान है इस्लाम की, 'उबैद ! प्यारे हुसैन हैं, मेरे प्यारे हुसैन हैं ना'त-ख़्वाँ: मौलाना बिलाल रज़ा क़ादरी pyaare nabi ki aankh ke taare husain hai.n maula 'ali ke raaj-dulaare husain hai.n dil ko qaraar milta hai naam-e-husain se wallah ham ko jaan se pyaare husain hai.n raushan ki jin se 'ishq-o-wafa ki tamaam raah chashm-e-talab me.n aise minaare husain hai.n wo 'azm hausla hai ki jis ki nahi.n misaal sabr-o-riza ke baab me.n nyaare husain hai.n zaalim yazeed miT gaya, zind...